थलापति विजय का राज्याभिषेक: तमिलनाडु के नए मुख्यमंत्री बने विजय
तमिलनाडु की राजनीति में शनिवार को अनिश्चितता का दौर समाप्त हो गया और अभिनेता से राजनेता बने विजय ने रविवार को मुख्यमंत्री पद की शपथ (Oath) ले ली है। सोमवार को आए चुनावी नतीजों के बाद से ही राज्य में सरकार गठन को लेकर राजनीतिक ड्रामा (Political Drama) जारी था, जिसका अंत डीएमके के सहयोगी दलों वीसीકે और आईएमयूएल द्वारा विजय की पार्टी ‘तमिलगा वेत्री कषगम’ (TVK) को बिना शर्त समर्थन देने के साथ हुआ। राज्यपाल ने विजय को पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई, जिसके साथ ही राज्य में एक नए युग की शुरुआत हुई है। हालांकि, छोटे दलों के सहारे बहुमत जुटाने के कारण आगामी समय में सरकार चलाना विजय के लिए एक कठिन चुनौती (Challenge) साबित हो सकता है।
शपथ ग्रहण समारोह (Ceremony) के दौरान विजय के साथ उनकी पार्टी के 9 अन्य वरिष्ठ नेताओं ने भी मंत्री पद की शपथ ली। इस पूरे घटनाक्रम में सबसे चौंकाने वाला फैसला कांग्रेस का रहा, जिसके किसी भी नेता ने मंत्री पद की शपथ नहीं ली है। इसे कांग्रेस के लिए एक बड़े झटके के रूप में देखा जा रहा है, क्योंकि विजय की सरकार बनाने में कांग्रेस के 5 विधायकों का समर्थन (Support) अत्यंत महत्वपूर्ण रहा है। विश्लेषकों का मानना है कि सत्ता में सीधे शामिल न होने का कांग्रेस का यह निर्णय भविष्य के गठबंधन (Alliance) समीकरणों को प्रभावित कर सकता है। फिलहाल, विजय के समर्थकों में भारी उत्साह है और पूरे राज्य में जश्न का माहौल बना हुआ है।

