गुजरात में अगले 72 घंटे बेमौसम बारिश का अलर्ट, तापमान में आएगी गिरावट
गुजरात में भीषण गर्मी के प्रकोप के बीच अब मौसम विभाग (IMD) ने बेमौसम बारिश यानी ‘मावठा’ की भविष्यवाणी की है। मौसम वैज्ञानिक रामाश्रय यादव के अनुसार, एक नया वेस्टर्न डिस्टर्बेंस (Western Disturbance) सक्रिय होने के कारण आगामी दो से तीन दिनों तक राज्य के विभिन्न हिस्सों में बिजली की कड़क और तेज हवाओं के साथ बारिश होने की पूरी संभावना है। इस मौसमी बदलाव के कारण अधिकतम तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की गिरावट (Drop) दर्ज की जा सकती है, जिससे झुलसाने वाली गर्मी से लोगों को थोड़ी राहत मिलेगी। 29 मार्च को कच्छ, द्वारका, पोरबंदर और राजकोट जैसे जिलों में हल्की से मध्यम बारिश का अनुमान (Forecast) लगाया गया है, जबकि 30 और 31 मार्च को बनासकांठा, साबरकांठा, अरावली और उत्तर गुजरात के सरहदी इलाकों में बादलों का डेरा रहेगा।
भीषण गर्मी के बीच अचानक आए इस बदलाव ने गुजरात के किसानों की धड़कनें बढ़ा दी हैं। खेतों में खड़ी तैयार फसलों के बीच बेमौसम बारिश (Unseasonal Rain) और तेज हवाओं के कारण भारी नुकसान (Crop Damage) का डर बना हुआ है। विशेष रूप से उत्तर गुजरात और सौराष्ट्र के बेल्ट (Belt) में जीरा, गेहूं और गर्मियों वाली फसलों को लेकर किसान चिंतित हैं। मौसम विभाग ने सलाह दी है कि कटी हुई फसलों को सुरक्षित स्थानों पर रखा जाए। हालांकि सामान्य नागरिकों के लिए तापमान में कमी आना एक सुखद अहसास (Pleasant Feeling) हो सकता है, लेकिन कृषि क्षेत्र के लिए यह ‘बिन मौसम बरसात’ एक बड़ी चुनौती बनकर आई है। प्रशासन ने मछुआरों और खुले में काम करने वाले लोगों को भी खराब मौसम (Bad Weather) के दौरान सतर्क रहने की हिदायत दी है।

