ब्रिटेन जाने वालों की मौज: अब पासपोर्ट पर नहीं लगेगा वीजा स्टिकर, ‘ई-वीजा’ सेवा हुई शुरू
ब्रिटेन (UK) जाने का सपना देख रहे भारतीयों के लिए आज एक बड़ी और सुखद खबर सामने आई है। ब्रिटिश सरकार ने अपनी पारंपरिक वीजा प्रणाली को अलविदा कहते हुए इसे पूरी तरह डिजिटल बना दिया है, जिससे अब पासपोर्ट पर फिजिकल वीजा स्टिकर (Sticker) लगवाने की झंझट खत्म हो गई है। इसकी जगह अब ‘ई-वीजा’ (eVisa) प्रणाली लागू की गई है, जो व्यक्ति के इमिग्रेशन स्टेटस (Immigration Status) का एक डिजिटल रिकॉर्ड होगी। इस बदलाव का सबसे बड़ा फायदा यह है कि अब आवेदकों को वीजा प्रोसेसिंग के दौरान अपना मूल पासपोर्ट जमा नहीं करना पड़ेगा। बायोमेट्रिक्स (Biometrics) की प्रक्रिया पूरी होते ही पासपोर्ट उसी दिन वापस मिल जाएगा, जिससे यात्री अन्य देशों की यात्रा या अन्य वीजा आवेदन आसानी से कर सकेंगे।
कोलकाता स्थित ब्रिटिश डिप्टी हाई कमीशन के अनुसार, यह ई-वीजा सीधे यात्री के पासपोर्ट से डिजिटल रूप से लिंक (Link) रहेगा। जो लोग पहले से वैध स्टिकर वीजा रखते हैं, उन्हें दोबारा आवेदन करने की जरूरत नहीं है, लेकिन उन्हें अपना ऑनलाइन ‘UKVI’ अकाउंट बनाकर उसे पासपोर्ट से जोड़ना अनिवार्य होगा। हाल के आंकड़ों के मुताबिक, लगभग 5.50 लाख भारतीयों ने यूके वीजा के लिए आवेदन किया था, जिन्हें इस नई व्यवस्था से सीधा लाभ मिलेगा। प्रत्येक परिवार के सदस्य, यहाँ तक कि नाबालिग बच्चों के लिए भी अलग ऑनलाइन अकाउंट (Online Account) होना जरूरी है। हालांकि यह सिस्टम पूरी तरह पेपरलेस है, फिर भी यात्रियों को सुरक्षा के तौर पर अपने डिजिटल वीजा का प्रमाण फोन या प्रिंट रूप में साथ रखने की सलाह दी गई है। ब्रिटिश होम ऑफिस इस पूरी डिजिटल प्रक्रिया (Digital Process) की बारीकी से निगरानी कर रहा है ताकि शुरुआती तकनीकी समस्याओं को तुरंत दूर किया जा सके।

